Prachina Bhakta (Hindi)
₹25.00
प्राचीन
भक्त पुस्तकाकार—प्राचीनकालमें ऐसे अनेक संत और भक्त हुए हैं, जिन्होंने अपना सब
कुछ भगवान्ïको अर्पण कर अपनी आत्माको प्रभुमय बना लिया और अपने जीवनमें भक्ति,
ज्ञान और वैराग्यको चरितार्थ कर जीवनका सर्वोत्कृष्टï लाभ प्राप्त किया।
प्रस्तुत पुस्तकमें ऐसे ही उत्कृष्टï भक्त मार्कण्डेय मुनि, राजा शंख, मुनि
उतंक, विष्णुदास, राजा चित्रकेतु आदि चौदह भक्तोंके सुन्दर चरित्र हैं।
| Language | Hindi |
|---|---|
| Writer | Gita Press Gorakhpur |
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प्राचीन
भक्त पुस्तकाकार—प्राचीनकालमें ऐसे अनेक संत और भक्त हुए हैं, जिन्होंने अपना सब
कुछ भगवान्ïको अर्पण कर अपनी आत्माको प्रभुमय बना लिया और अपने जीवनमें भक्ति,
ज्ञान और वैराग्यको चरितार्थ कर जीवनका सर्वोत्कृष्टï लाभ प्राप्त किया।
प्रस्तुत पुस्तकमें ऐसे ही उत्कृष्टï भक्त मार्कण्डेय मुनि, राजा शंख, मुनि
उतंक, विष्णुदास, राजा चित्रकेतु आदि चौदह भक्तोंके सुन्दर चरित्र हैं।
Additional information
| Language | Hindi |
|---|---|
| Writer | Gita Press Gorakhpur |





