Devi Bhagwat Mool (Sanskrit)

250.00

श्रीमद्देवीभागवतमहापुराण [मूलमात्रम् ]
ग्रन्थाकार—श्रीमद्देवीभागवतमहापुराण भगवतीकी विस्तृत महिमाके परिचायक होनेके
साथ-साथ एक आशीर्वादात्मक ग्रन्थ है। इसके पारायण और अनुष्ठानसे लौकिक, पारलौकिक
लाभके साथ भगवतीकी कृपा प्राप्त होती है। भक्तोंके नवाह्न पारायणकी दृष्टिसे इस
ग्रन्थमें देवीभागवतके मूल श्लोकोंका प्रकाशन किया गया है।

Language

Sanskrit

Writer

Gita Press Gorakhpur

Out of stock

SKU: 1770 Category:

श्रीमद्देवीभागवतमहापुराण [मूलमात्रम् ]
ग्रन्थाकार—श्रीमद्देवीभागवतमहापुराण भगवतीकी विस्तृत महिमाके परिचायक होनेके
साथ-साथ एक आशीर्वादात्मक ग्रन्थ है। इसके पारायण और अनुष्ठानसे लौकिक, पारलौकिक
लाभके साथ भगवतीकी कृपा प्राप्त होती है। भक्तोंके नवाह्न पारायणकी दृष्टिसे इस
ग्रन्थमें देवीभागवतके मूल श्लोकोंका प्रकाशन किया गया है।

Additional information

Language

Sanskrit

Writer

Gita Press Gorakhpur