Sri Ganesh Ank (Hindi)

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भगवान्  गणेश अनादि,
सर्वपूज्य, आनन्दमय, ब्रह्म मय और सच्चिदानन्द रूप (परमात्मा) हैं। महामहिम
गणेशकी इन्हीं सर्वमान्य विशेषताओं और सर्वसिद्धि-प्रदायक उपासना-पद्धतिका
विस्तृत वर्णन इस विशेषाङ्क में उपलब्ध है। इसमें श्रीगणेशकी लीला-कथाओंका भी
बड़ाही रोचक वर्णन और पूजा-अर्चना आदि पर उपयोगी दिग्दर्शन है।

Language

Hindi

Writer

Gita Press Gorakhpur

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भगवान्  गणेश अनादि,
सर्वपूज्य, आनन्दमय, ब्रह्म मय और सच्चिदानन्द रूप (परमात्मा) हैं। महामहिम
गणेशकी इन्हीं सर्वमान्य विशेषताओं और सर्वसिद्धि-प्रदायक उपासना-पद्धतिका
विस्तृत वर्णन इस विशेषाङ्क में उपलब्ध है। इसमें श्रीगणेशकी लीला-कथाओंका भी
बड़ाही रोचक वर्णन और पूजा-अर्चना आदि पर उपयोगी दिग्दर्शन है।

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Language

Hindi

Writer

Gita Press Gorakhpur