भक्तराज
हनुमान् पुस्तकाकार—प्रस्तुत पुस्तकमें भक्तश्रेष्ठ हनुमान्ïजीकी विभिन्न
लीलाओंका वाल्मीकीय रामायण, अध्यात्मरामायण, ब्रह्मïाण्डपुराण तथा पद्मपुराणके
आधारपर बड़ा ही सुन्दर और सरस चित्रण किया गया है।
Additional information
| Language | Hindi |
|---|---|
| Writer | Gita Press Gorakhpur |





